जुमा नमाज, कांवड़िये और डीजे की तेज धुन, इन सभी आधारों पर लगा सकते हैं पत्थरबाजी की घटना का अनुमान

यह बहस जल्द ही बढ़ गई और हाथापाई में बदल गई. कांवड़ियों ने इल्जाम लगाया कि उनके साथ हाथापाई की गई और उन्हें डीजे सिस्टम बंद करने के लिए विवश किया गया. सूचना मिलने पर, क्षेत्रीय पुलिस मौके पर पहुँची और स्थिति को शांत कराया, जिससे कांवड़ियों की यात्रा शांतिपूर्वक जारी रही. ऑफिसरों ने कार्रवाई करते हुए इस घटना के सिलसिले में मुसलमान समुदाय के तीन लोगों को हिरासत में लिया है. झड़प में कथित संलिप्तता के लिए 15 नामजद लोगों सहित 65 लोगों के विरुद्ध मुद्दा भी दर्ज किया गया है.
मीडिया से बात करते हुए, पुलिस ऑफिसरों ने पुष्टि की कि मुद्दे की जाँच चल रही है. एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने कहा, हमने आगे की कार्रवाई को रोकने के लिए तुरंत कार्रवाई की और जरूरी कानूनी कदम उठाए हैं. हमारी अहमियत सांप्रदायिक सद्भाव बनाए रखना और यह सुनिश्चित करना है कि ऐसी घटनाएँ दोबारा न हों. शांति बनाए रखने और आगे किसी भी तरह की गड़बड़ी को रोकने के लिए क्षेत्र में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है. दोनों समुदायों से ऑफिसरों के साथ योगदान करने और ऐसी गतिविधियों से बचने का आग्रह किया गया है जिनसे तनाव और बढ़ सकता है.

