ओलंपिक 2024 में मेडल चूकने के बाद अर्जुन बाबुता का बड़ा बयान
ओलंपिक 2024 के तीसरे दिन हिंदुस्तान को एक मेडल की आशा थी. यह मेडल कोई और नहीं बल्कि अर्जुन बाबुता 10 मीटर एयर राइफल इवेंट में जीत सकते थे, लेकिन एक छोटी की गलती के कारण वह मेडल से चूक गए और राष्ट्र के हाथ निराशा लगी. मेडल न जीतने के कारण वह काफी निराश नजर आए. दरअसल वह बहुत कम अंतर से ब्रॉन्ज मेडल से चूक गए और चौथे जगह पर रहे. वह मनु भाकर के बाद ओलंपिक 2024 में मेडल जीतने वाले दूसरे एथलीट बन सकते थे. उन्होंने इवेंट समाप्त होने के बाद बोला कि निश्चय ही निराशाजनक, बहुत निराशाजनक. लेकिन आज जो है, वही है. कहीं न कहीं, मैं भाग्य में विश्वास करता हूं. यह मेरा दिन नहीं था.

अर्जुन ने कही ये बात
अर्जुन ने जोरदार आरंभ की और अपने पहले 10 प्रयासों में 10 से अधिक अंक दर्ज किए. लेकिन इवेंट के आखिरी चरण में 9.5 के शॉट ने उन्हें पदक की दौड़ से बाहर कर दिया. जो कुछ हुआ, उस पर विचार करते हुए, अर्जुन ने बोला कि एक एथलीट के रूप में आप सिर्फ़ नियंत्रण करने वाली चीजों को ही नियंत्रित कर सकते हैं और यदि चीजें आपके लिए ठीक नहीं हैं तो चीजें आपके लिए ठीक नहीं होंगी. सोमवार को अपने इवेंट के समाप्त होने के बाद अर्जुन ने मीडिया से बोला कि चाहे आप कितनी भी प्रयास कर लें, चाहे आप अपना 100 फीसदी भी लगा दें, आप यह नहीं कह सकते कि आप आज जीत जाएंगे. बेशक, आप इसके लिए कोशिश कर सकते हैं और आपको अपना बेस्ट कोशिश करना होगा.
अभिनव बिंद्रा ने दिया साथ
उन्होंने अपने बयान में आगे बोला कि निश्चित रूप से, मुझे गर्व है. इस इवेंट से पहले की मेरी तैयारी ने वास्तव में मेरे लिए काम किया. वर्षों की कड़ी मेहनत, तकनीक और रणनीति जो मैंने अपने कोचों के साथ मिलकर बनाई थी, वह इवेंट के दौरान काम आई. हम एक ऐसे शॉट पर ध्यान केंद्रित कर सकते थे जो परिणाम को मेरे पक्ष में कर सकता था, लेकिन ऐसा नहीं हो सका. अर्जुन ने पूर्व निशानेबाज और ओलंपिक स्वर्ण पदक विजेता अभिनव बिंद्रा का भी आभार व्यक्त किया, जिन्होंने इस इवेंट से पहले और बाद में उनका साथ दिया. अर्जुन ने कहा कि अभिनव ने इवेंट में उनके प्रदर्शन की सराहना की और उनसे हार पर अधिक ध्यान न देने की बात कही

