Paris Olympics: कोच क्रेग फुल्टन का यकीन, पेरिस ओलंपिक में दिखेगा प्रयासों का नतीजा
पिछले वर्ष भारतीय पुरूष हॉकी टीम से जुड़े कोच क्रेग फुल्टन का लक्ष्य आपसी विश्वास मजबूत करना था और उन्हें में पदक के बेहतर रंग के रूप में मिलेगा. 14 महीने पहले पदभार संभालने वाले फुल्टन ने कहा, ‘मुझे नहीं पता कि तोक्यो ओलंपिक से पहले क्या तैयारियां थी लेकिन 14 महीने पहले मेरे आने के बाद से फोकस खिलाड़ियों में आपसी विश्वास बेहतर करने पर रहा है.‘

उन्होंने बेहतर नतीजों के लिए दक्षिण अफ्रीका के मानसिक अनुकूलन कोच पैडी अपटन की सेवाएं ली जो 2011 विश्व कप विजेता भारतीय क्रिकेट टीम के साथ काम कर चुके हैं. अपटन टीम के साथ पेरिस में हैं. मानसिक दृढता के लिए उन्होंने इस महीने की शुरूआत में स्विटजरलैंड के माइक होर्न्स बेस में तीन दिन का शिविर लगाया. फुल्टन ने कहा, ‘मैंने अल्पकालिन और दीर्घकालिन रणनीति बनाई और उसके हिसाब से काम किया.‘
उन्होंने कहा, ‘हमारी तैयारियां अच्छी रही और स्विटजरलैंड में तीन दिन का शिविर बहुत अच्छा साबित हुआ. हमने आपसी विश्वास, टीम भावना और एकजुटता बढाने पर काम किया. इसके बाद नीदरलैंड में नौ दिन अभ्यास किया और कुछ अभ्यास मैच भी खेले.‘ तोक्यो ओलंपिक में 41 वर्ष बाद कांस्य पदक विजेता से अपेक्षाओं के बारे में उन्होंने कहा, ‘मुझे अपेक्षाओं का पता है और मैं इसके लिये पूरी तरह से तैयार हूं. हिंदुस्तान का हॉकी का गौरवमयी इतिहास रहा है और हम उस विरासत को आगे बढ़ाना चाहते हैं.‘
उन्होंने कहा, ‘मैं पोडियम पर रहने के बारे में कयास नहीं लगा सकता क्योंकि ओलंपिक में 12 टीमों के बीच अधिक अंतर नहीं है. पहले तीन मैच अहम है जिन पर फोकस रहेगा.‘ हिंदुस्तान अपने अभियान की आरंभ 27 जुलाई को न्यूजीलैंड के विरुद्ध मैच से करेगा. इसके बाद टीम 29 जुलाई को अर्जेंटीना से भिड़ेगी. इसके बाद अगले दिन आयरलैंड और एक अगस्त को गत विजेता बेल्जियम से हिंदुस्तान का सामना होगा. टोक्यो ओलंपिक की गोल्ड मेडलिस्ट ऑस्ट्रेलिया के साथ दो अगस्त को हिंदुस्तान को खेलना है.

