Paris Paralympics : प्रीति पाल ने रचा इतिहास
Paris Paralympics 2024 में रविवार का दिन हिंदुस्तान के लिए बहुत बढ़िया रहा. इस दिन हिंदुस्तान की झोली में 2 पदक आए. इन 2 पदकों के साथ हिंदुस्तान की झोली में पेरिस पैरालंपिक में अब तक कुल 7 पदक आ चुके हैं. ये पदक प्रीति पाल और निषाद कुमार ने जीते हैं. प्रीति पाल ने इस पैरालंपिक में इतिहास रचते हुए दूसरा मेडल जीता है. जबकि निषाद कुमार ने टोक्यो पैरालंपिक-2020 के बाद पेरिस पैरालंपिक-2024 में भी पदक जीता है.

प्रीति पाल ने रविवार को इतिहास रच दिया. वह पैरालिंपिक में दो पदक जीतने वाली पहली भारतीय स्त्री ट्रैक और फील्ड एथलीट बन गईं. 23 वर्षीय प्रीति ने 200 मीटर टी35 श्रेणी में 30.01 सेकंड के पर्सनल सर्वश्रेष्ठ समय के साथ अपना दूसरा ब्रॉन्ज मेडल जीता, इससे पहले उन्होंने शुक्रवार को 100 मीटर टी35 श्रेणी की स्पर्धा में भी ब्रॉन्ज मेडल जीता था. प्रीति पाल एक ही पैरालंपिक में दो पदक जीतने वाली दूसरी भारतीय महिता एथलीट बन गईं हैं. इससे पहले अवनि लेखरा ने टोक्यों पैरालंपिक में गोल्ड और ब्रॉन्ज मेडल जीता था. इस स्पर्धा में चीन की झोउ जिया ने 28.15 सेकंड के साथ गोल्ड, गुओ कियानकियान ने 29.09 सेकंड के साथ सिल्वर और प्रीति पाल ने 30.01 सेकंड के स्कोर के साथ ब्रॉन्ज मेडल जीता.
निषाद कुमार ने सर्वश्रेष्ठ स्कोर के साथ जीता पदक
24 वर्षीय निषाद कुमार ने इस सीजन में अपना सर्वश्रेष्ठ स्कोर करते हुए 2.04 मीटर की छलांग लगाकर हिंदुस्तान के लिए पैरा एथलेटिक्स में तीसरा और कुल मिलाकर सातवां पदक जीता. निषाद को इस स्पर्धा में वर्ल्ड रिकॉर्ड धारक और चैंपियन USA के टाउनसेंड रोडरिक से कड़ी चुनौती मिली. टाउनसेंड ने 2.12 मीटर की छलांग लगाकर गोल्ड मेडल जीता. जबकि न्यूट्रल पैरालंपिक एथलीट का अगुवाई करने वाले मार्गीव जॉर्जी 2 मीटर के साथ ब्रॉन्ज मेडल अपने नाम किया. इसी स्पर्धा में एक अन्य भारतीय एथलीट राम पाल ने 1.95 मीटर के पर्सनल सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन के साथ सातवां जगह हासिल किया.

