बिहार में फर्जी IPS के बाद पकड़ा गया फर्जी सिपाही गिरफ्तार
बिहार में फर्जी आईपीएस का मुद्दा अभी थम नहीं पाया था कि इसके पहले ही मधुबनी पुलिस ने एक फर्जी सिपाही को अरैस्ट किया है। यह शख्स सिपाही की वर्दी पहनकर घूम रहा था। इसके साथ ही उसने एक पिस्टल भी रख रखी थी। पुलिस को संदेह होने पर आईडी कार्ड मांगा गया लेकिन उसके पास कोई आईडी कार्ड नहीं मिला। इस मुद्दे की जानकारी जयनगर थाना के डीएसपी विप्लव कुमार ने दी।

पुलिस ने संदेह के आधार पर रजिस्ट्री ऑफिस के पास फर्जी सिपाही को पकड़ा। पूछताछ के दौरान जब उससे पुलिस संबंधित आईडी कार्ड मांगा गया, तो उसने कुछ भी बताने से इनकार कर दिया। फर्जी सिपाही की पहचान शिवानंद तिवारी के रूप में हुई, सिपाही ने कहा कि वह सौरभ राय उर्फ सोनल राय का 3 वर्ष से बॉडी गार्ड है, जो परसा निवासी है।
डीएसपी विप्लव कुमार ने कहा कि इस मुद्दे में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है और फर्जी सिपाही शिवानंद तिवारी को वासुदेव तिवारी के पुत्र के रूप में पहचाना गया है। उसकी गिरफ्तारी के बाद अब पुलिस सौरभ राय उर्फ सोनल राय की तलाश में है, जो परसा का निवासी है। इसके लिए छापेमारी की कार्रवाई जारी है।
छापेमारी दल में प्रशिक्षु डीएसपी सह थाना अध्यक्ष अंकुर कुमार, अपर थाना अध्यक्ष गोपाल कृष्ण, संतोष कुमार, विनोद कुमार और अन्य अधिकारी शामिल थे। यह घटना क्षेत्र में सुरक्षा को लेकर चिंता का विषय बन गई है, जिससे क्षेत्रीय लोगों में भय का माहौल उत्पन्न हुआ है।
पुलिस अब यह जानने में जुटी है कि फर्जी सिपाही शिवानंद तिवारी ने यह कदम क्यों उठाया। फर्जी सिपाही शिवानंद तिवारी ने जिस सौरभ उर्फ सोनल राय का नाम कहा कि वह उसके यहां तैनात है और उसका बॉडी गार्ड है। पुलिस अब सोनल की तलाश कर रही है कि उसने इसे क्यों रखा और इसके रखने की वजह क्या है।

